CG News : रायपुर। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) भर्ती घोटाले के मामले में जेल में बंद पूर्व अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी को रायपुर के अस्पताल में कथित VIP सुविधा दिए जाने का मामला सामने आया है। अस्पताल में इलाज के दौरान सोनवानी का बिना हथकड़ी परिजनों के साथ बातचीत करने और लड्डू खाते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए जेल प्रशासन ने कार्रवाई की है। निगरानी में तैनात एक जेल प्रहरी को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है, जबकि दो अन्य प्रहरियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है।
मेकाहारा अस्पताल में परिजनों से मिले सोनवानी
जानकारी के अनुसार, CGPSC भर्ती घोटाले के आरोपी और विचाराधीन बंदी टामन सिंह सोनवानी को स्वास्थ्य संबंधी जांच के लिए रायपुर के डॉ. भीमराव आंबेडकर स्मृति चिकित्सालय (मेकाहारा) लाया गया था। पिछले महीने पेसमेकर लगाए जाने के बाद उन्हें फॉलोअप जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया था।
इसी दौरान अस्पताल के कार्डियोलॉजी विभाग में सोनवानी अपनी पत्नी और बेटे के साथ बातचीत करते दिखाई दिए। वायरल वीडियो में उनके हाथों में हथकड़ी नहीं थी। बताया गया कि मुलाकात के दौरान परिजनों ने उन्हें लड्डू भी खिलाए। इस घटना के सामने आने के बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था और बंदियों को दी जाने वाली सुविधाओं पर सवाल उठने लगे।
वीडियो वायरल होने पर जेल प्रशासन की कार्रवाई
मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद जेल प्रशासन ने जांच कराई। शुरुआती जांच में ड्यूटी पर तैनात प्रहरियों की ओर से सुरक्षा संबंधी निर्देशों के उल्लंघन और लापरवाही की बात सामने आई।
जांच के आधार पर जिला जेल बलौदाबाजार में पदस्थ प्रहरी संदीप कुमार माहेश्वरी को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया। वहीं, प्रहरी नागेंद्र कुमार महतो और पवन कुमार लहरे के खिलाफ भी विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई है।
तीन प्रहरियों पर तय की गई जिम्मेदारी
सोनवानी की निगरानी के लिए तीन जेल प्रहरियों की ड्यूटी लगाई गई थी। इनमें संदीप कुमार माहेश्वरी, नागेंद्र कुमार महतो और पवन कुमार लहरे शामिल थे। जांच में तीनों की भूमिका को लेकर कार्रवाई की गई। संदीप माहेश्वरी की बर्खास्तगी का आदेश जारी किया गया, जबकि अन्य दो प्रहरियों के मूल पदस्थापना वाले जेल प्रशासन को कार्रवाई के लिए पत्र भेजे गए।
CGPSC भर्ती घोटाले में जेल में बंद हैं सोनवानी
टामन सिंह सोनवानी छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष हैं और CGPSC भर्ती घोटाले के मामले में विचाराधीन बंदी के रूप में जेल में बंद हैं। इस मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भी धनशोधन से जुड़े आरोपों की जांच करते हुए विशेष अदालत में अभियोजन शिकायत दाखिल की है।

