दुर्ग/भिलाई: छत्तीसगढ़ का भिलाई-दुर्ग क्षेत्र इस समय गहरे सदमे में है। शनिवार और रविवार का यह वीकेंड यहां के इतिहास में ‘ब्लैक वीकेंड’ के रूप में दर्ज हो गया है। एक के बाद एक हुई तीन जघन्य वारदातों ने पूरे पुलिस प्रशासन और आम नागरिकों को हिलाकर रख दिया है। मासूम से दुष्कर्म, दोहरे हत्याकांड और चाकूबाजी की घटनाओं ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
1. 5 साल की बच्ची के साथ दरिंदगी (पुरानी भिलाई)
शनिवार की सुबह एसटीएफ (STF) के जवान के परिवार की हत्या की खबर से शहर संभला भी नहीं था कि पुरानी भिलाई थाना क्षेत्र से एक और शर्मनाक खबर सामने आई। यहां 5 साल की एक मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म की घटना हुई है। इस अमानवीय घटना से इलाके में भारी आक्रोश है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया है और मामले की जांच की जा रही है।
2. एसटीएफ जवान की पत्नी और बेटे की निर्मम हत्या
शनिवार सुबह भिलाई में हुई इस दोहरी हत्या ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। एसटीएफ के एक आरक्षक की पत्नी और उनके बेटे की बेरहमी से हत्या कर दी गई। हत्या के बाद से पुलिस की टीमें सबूत जुटाने में जुटी हैं, लेकिन इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है।
3. छेड़छाड़ का बदला: चाकूबाजी से दहला खुर्सीपार
मामलों का सिलसिला यहीं नहीं थमा। रविवार को खुर्सीपार इलाके के बालाजी नगर में एक और हिंसक झड़प देखने को मिली। घटना तब शुरू हुई जब एक युवक ने अपनी बहन के साथ हुई छेड़छाड़ का बदला लेने के लिए दो युवकों पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया। इस घटना में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं।
पुलिस की सक्रियता पर सवाल
एक के बाद एक हो रही इन वारदातों ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था को कठघरे में खड़ा कर दिया है। भिलाई-दुर्ग पुलिस के सामने अब एक साथ कई मोर्चों पर चुनौतियों का सामना करने का दबाव है। जहां एक ओर पुरानी भिलाई में दुष्कर्म के आरोपी को जेल भेजने की तैयारी है, वहीं दूसरी ओर एसटीएफ जवान के परिवार के हत्यारों की तलाश भी जारी है।

