कोरबा– नगर निगम क्षेत्र के सभी मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक बाधित होना एक आम बात हो गई है जिसका मुख्य कारण ठेला–गुमटी और दैनिक रेड़ी लगाने वालों के चलते है।इन लोगों को निगम की ओर से कोई स्थाई स्थान निर्धारित करने की आवश्यकता है जहां यह अपनी अपनी दुकान लगा सके जिससे शहर के नागरिक सुचारू रूप से आवागमन कर सके साथ ही ऐसे ठेला गुप्तियों के चलते पार्किंग स्थल के जगह आम जन अपने अपने दोपहिया और चारपहिया वाहनों को सड़क पर पार्किंग करते है जिसके चलते दैनिक जाम की स्थिति निर्मित होती है।ट्रैफिक पुलिस के द्वारा बेतरहीब वाहन पार्किंग करने पर वाहन स्वामी के ऊपर चलानी कार्यवाही करने पीछे नहीं हटती है पर ऐसे ठेला गुमटी संचालकों के ऊपर कोई कार्यवाही करते नहीं दिखता है।पुलिस विभाग के अधिकारियों से चर्चा करने पर कहते है कि हमारे कर्मचारी ट्रैफिक व्यवस्था संभाले या फिर इनके ऊपर कार्रवाई करे वैसे भी इस प्रकार के अतिक्रमण हटाने की जिम्मेदारी नगर निगम की है।यह दुकानदार तो अब सभी हदों को पार कर चुके है खास तौर पर ऊषा कॉम्प्लेक्स रेलवे क्रॉसिंग से कुसमुंडा मार्ग पर कब्जा किए हुए फल विक्रेता है।इसके अलावा निहारिका सड़क के दोनों ओर नारियल पानी,गुपचुप और फल विक्रेताओं का है जिन्हें अपने ठेला रेड़ी को थोड़ा पीछे ले जाने को कोई बोलता है तो मरने – मारने को उतारू हो जाते है।ऐसे दुकानदारों की वजह से आए दिन दुर्घटनाएं भी घटित होती है जिससे नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ती है।अब देखना यह है कि कुंभकरण की नींद में सोए नगर निगम के अधिकारी कर्मचारियों की नींद कब खुलती है जिससे इस समस्या से आमजनों को निजात मिल सके।

