जगदलपुर। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने वर्ष 2024 में छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सीआरपीएफ कैंप पर हुए माओवादी हमले के मामले में सप्लिमेंट्री चार्जशीट दाखिल कर दी है। यह चार्जशीट धर्मावरम क्षेत्र में स्थापित नए कैंप पर हुए हमले से जुड़ी है, जिसमें करीब एक दर्जन जवान घायल हुए थे।
300 माओवादियों ने किया था समन्वित हमला
जानकारी के मुताबिक, 16 जनवरी 2024 को माओवादियों ने बीजापुर के धर्मावरम, चिंतावागु और पामेड स्थित सीआरपीएफ कैंपों पर एक साथ समन्वित हमला किया था। इस हमले में लगभग 300 माओवादी शामिल थे, जिन्होंने सुरक्षा बलों को निशाना बनाते हुए गोलीबारी और विस्फोट किए।
6 आरोपी नामजद, 3 फरार
NIA की सप्लिमेंट्री चार्जशीट में तीन गिरफ्तार माओवादी—अवलम भीमा, मदकम नंदा और मदकम देवा उर्फ रतन—के साथ तीन फरार आरोपियों को भी नामजद किया गया है। सभी आरोपियों के खिलाफ गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम (UAPA), भारतीय दंड संहिता (IPC), आर्म्स एक्ट और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पहले भी 17 माओवादियों पर चार्जशीट
बताया गया है कि इससे पहले NIA इस मामले में 17 माओवादियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर चुकी है। ताजा सप्लिमेंट्री चार्जशीट में जांच एजेंसी ने हमले से जुड़े नए सबूत और अहम तथ्यों को अदालत के समक्ष पेश किया है।
सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा असर
विशेषज्ञों का मानना है कि यह कार्रवाई माओवादी नेटवर्क पर शिकंजा कसने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे सुरक्षा बलों पर होने वाले हमलों को रोकने में मदद मिलेगी और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था मजबूत होगी।

