CG Crime : दुर्ग।’ छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (CAF) के एक जवान को कथित तौर पर अगवा कर बंधक बनाने और उसके साथ मारपीट करने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि करीब 11 लाख रुपये के पुराने लेन-देन को लेकर विवाद हुआ था। इसी विवाद के चलते जवान को कथित रूप से जबरन एक मकान में ले जाकर बंधक बनाया गया और स्टाम्प पेपर पर हस्ताक्षर कराए गए। हालांकि, जवान किसी तरह आरोपियों के चंगुल से निकलने में सफल रहा। उसने अपनी लाइव लोकेशन वरिष्ठ अधिकारियों को भेजकर मदद मांगी। मामले में पुलिस ने एक महिला और उसके ड्राइवर को गिरफ्तार किया है।
11 लाख रुपये के लेन-देन को लेकर विवाद
जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला पुराने आर्थिक लेन-देन से जुड़ा हुआ है। करीब 11 लाख रुपये की रकम को लेकर जवान और दूसरे पक्ष के बीच विवाद होने की बात सामने आई है। आरोप है कि इसी विवाद के दौरान जवान को जबरन अपने साथ ले जाया गया और एक मकान में बंधक बना लिया गया।
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जवान को बंधक बनाए जाने और उसके साथ मारपीट किए जाने के आरोपों ने मामले को गंभीर बना दिया है। पुलिस अब विवाद की शुरुआत, रकम के लेन-देन और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
स्टाम्प पेपर पर जबरन हस्ताक्षर कराने का आरोप
आरोप है कि बंधक बनाए जाने के दौरान जवान के साथ मारपीट की गई और उस पर स्टाम्प पेपर पर हस्ताक्षर करने का दबाव बनाया गया। आशंका जताई जा रही है कि इन हस्ताक्षरों के जरिए लेन-देन से संबंधित दस्तावेज तैयार कराने की कोशिश की गई होगी।
हालांकि, स्टाम्प पेपर पर किस तरह की शर्तें या विवरण लिखे गए थे, इसकी पुष्टि जांच और संबंधित दस्तावेजों की पड़ताल के बाद ही हो सकेगी।
लाइव लोकेशन भेजकर मांगी मदद
घटना के दौरान CAF जवान किसी तरह आरोपियों के चंगुल से निकलने में सफल रहा। उसने अपनी लाइव लोकेशन वरिष्ठ अधिकारियों को भेजकर सहायता मांगी। इस कदम से अधिकारियों को उसकी स्थिति की जानकारी देने में मदद मिली।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और आरोपियों तक पहुंचने के लिए कार्रवाई की। इस तरह जवान के समय रहते मदद मांगने से मामले में आगे की कार्रवाई का रास्ता खुला।
पुलिस ने इस मामले में एक महिला और उसके ड्राइवर को गिरफ्तार किया है। दोनों से पूछताछ के जरिए घटना की परिस्थितियों, कथित बंधक बनाए जाने और जबरन हस्ताक्षर कराने के आरोपों से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है।

